पटना: वरिष्ठ नेता केसी सिन्हा ने भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया है। पार्टी में शामिल होने के बाद उन्होंने कहा कि वे “करंट के खिलाफ नहीं चलना” चाहते, जिसे लेकर सियासी हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
बयान के मायने
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सिन्हा का यह बयान मौजूदा राजनीतिक हवा को भांपते हुए दिया गया एक रणनीतिक कदम है। उनके पाला बदलने से स्थानीय राजनीति में नए समीकरण बनने की संभावना जताई जा रही है।
भाजपा नेतृत्व ने सिन्हा का स्वागत करते हुए उन्हें पार्टी के लिए एक मजबूत जोड़ बताया। आने वाले दिनों में इसका असर स्थानीय चुनावी समीकरणों पर देखने को मिल सकता है।




